गोवा लैंड स्कैम में ईडी ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 300 करोड़ रुपये की जमीन हड़पने वाले गिरोह के मास्टरमाइंड को गिरफ्तार कर लिया है, जिसे स्पेशल कोर्ट ने रिमांड पर भेज दिया है।
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने गोवा में बड़े पैमाने पर चल रहे भूमि कब्जा घोटाले में मुख्य साजिशकर्ता को दबोच लिया है। वॉइस ऑफ मैनपुरी की विशेष रिपोर्ट के अनुसार, इस गिरोह ने पुर्तगाली शासनकाल के फर्जी दस्तावेजों के सहारे राज्य की बेशकीमती जमीनों पर अवैध कब्जा किया था। इस मामले की जांच के बाद ईडी ने मास्टरमाइंड को विशेष अदालत में पेश किया, जहां से उसे रिमांड पर भेज दिया गया है।
कैसे अंजाम दिया गया ₹300 करोड़ का घोटाला?
जांच अधिकारियों के मुताबिक, यह गिरोह बेहद शातिर तरीके से काम करता था। इस सिंडिकेट ने गोवा के सरकारी अभिलेखागार (Archives Department) के कर्मचारियों के साथ मिलकर पुराने भूमि दस्तावेजों में हेरफेर किया था।
इस महाघोटाले के मुख्य बिंदु निम्नलिखित हैं:
- पुर्तगाली दस्तावेजों में हेरफेर: आरोपियों ने पुर्तगाली शासनकाल के पुराने और जर्जर भूमि रिकॉर्ड्स के पन्नों को बदलकर वहां जाली सेल डीड और वसीयतनामा लगा दिया।
- लावारिस संपत्तियों को बनाया निशाना: गिरोह ने मुख्य रूप से उन जमीनों को टारगेट किया जिनके मालिक या तो विदेश में बस चुके हैं या फिर जिनका कोई कानूनी वारिस मौजूद नहीं था।
- करोड़ों का अवैध मुनाफा: फर्जी कागजात तैयार करने के बाद इन जमीनों को तीसरे पक्ष को मोटी रकम में बेच दिया गया, जिससे लगभग 300 करोड़ रुपये का अवैध लेनदेन हुआ।
ईडी की गिरफ्त में मास्टरमाइंड, कोर्ट ने लिया सख्त एक्शन
ईडी की टीम इस मामले में काफी समय से मनी लॉन्ड्रिंग के एंगल से जांच कर रही थी। जांच के दौरान पुख्ता सबूत मिलने के बाद मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया गया। विशेष अदालत ने आरोपी की कस्टडी ईडी को सौंपते हुए सख्त हिदायत दी है। माना जा रहा है कि रिमांड के दौरान पूछताछ में कई बड़े सफेदपोशों और सरकारी अफसरों के नाम भी सामने आ सकते हैं, जो इस रैकेट को पर्दे के पीछे से संरक्षण दे रहे थे।
(Image Credit: abplive.com)





