मथुरा में यमुना नदी हादसा: स्टीमर पलटने से 10 श्रद्धालुओं की मौत, कई लापता, राहत-बचाव जारी

⏱ 1 min read

उत्तर प्रदेश के मथुरा से शुक्रवार को एक दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई, जहां यमुना नदी में श्रद्धालुओं से भरी एक नाव (स्टीमर) पलट गई। इस हादसे में अब तक 10 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि कई लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं। प्रशासन और राहत एजेंसियां युद्धस्तर पर बचाव कार्य में जुटी हुई हैं।

हादसा कैसे हुआ?

यह दुर्घटना शुक्रवार दोपहर करीब 2:45 बजे केशी घाट के पास हुई। जानकारी के मुताबिक, पंजाब के लुधियाना सहित अन्य शहरों से आए श्रद्धालुओं का एक बड़ा समूह मथुरा-वृंदावन दर्शन के लिए आया हुआ था। करीब 30 लोग दो नावों में सवार होकर यमुना नदी में सैर कर रहे थे।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अचानक तेज हवा चलने लगी, जिससे नाव असंतुलित हो गई। इसी दौरान नाव गहरे पानी की ओर बढ़ी और एक खुले पोंटून (पीपा पुल का हिस्सा) से टकरा गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि नाव पलट गई और उसमें सवार लोग नदी में गिर पड़े।

मौत का आंकड़ा बढ़कर 10 पहुंचा

शुरुआत में जिला प्रशासन ने 6 लोगों की मौत की पुष्टि की थी, लेकिन बाद में बचाव दल को 4 और शव मिले, जिससे मृतकों की संख्या बढ़कर 10 हो गई। प्रशासन के अनुसार, अभी भी एक दर्जन से अधिक लोग लापता हो सकते हैं।

हादसे की मुख्य वजह

अधिकारियों के अनुसार, हाल ही में यमुना नदी का जलस्तर बढ़ने के कारण पीपा पुल को हटा दिया गया था। हालांकि, उसके कुछ पोंटून (लोहे के तैरते प्लेटफॉर्म) नदी में ही खुले रह गए थे। आशंका है कि नाव उन्हीं में से एक से टकराई, जिससे यह हादसा हुआ।

बचाव अभियान जारी

घटना के तुरंत बाद प्रशासन ने राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया। मौके पर:

  • राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF)
  • राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF)
  • करीब 50 स्थानीय गोताखोर

तैनात किए गए हैं।

स्थानीय गोताखोर गुलाब के अनुसार, अब तक लगभग 15 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा चुका है। लापता लोगों की तलाश के लिए लगातार सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।

प्रशासन और अधिकारियों की मौजूदगी

घटना की गंभीरता को देखते हुए जिला मजिस्ट्रेट चंद्र प्रकाश सिंह और पुलिस अधीक्षक सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर मौजूद हैं। प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और राहत कार्यों को प्राथमिकता दे रहा है।

प्रत्यक्षदर्शियों ने क्या बताया?

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक:

  • नाव अचानक तेज हवा के कारण डगमगाने लगी
  • संतुलन बिगड़ने के बाद नाव की गति बढ़ गई
  • कुछ ही क्षणों में वह पोंटून से टकराकर पलट गई

घटना इतनी अचानक हुई कि लोगों को संभलने का मौका ही नहीं मिला।

हेल्पलाइन नंबर जारी

हादसे के बाद जिला प्रशासन ने प्रभावित परिवारों की मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं:

  • हेल्पलाइन: 0565-2403200
  • जिलाधिकारी: 9454417512
  • अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व): 9012881919 / 9454417583
  • एसपी ग्रामीण: 9454401103

इन नंबरों पर संपर्क कर लोग अपने परिजनों के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल

इस हादसे ने एक बार फिर नदी में सुरक्षा व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि:

  • खुले पोंटून को समय पर हटाया जाना चाहिए था
  • नावों में क्षमता से अधिक लोगों को नहीं बैठाना चाहिए
  • मौसम की स्थिति का पहले आकलन जरूरी है

यदि इन बातों का ध्यान रखा जाता, तो शायद यह हादसा टाला जा सकता था।

मथुरा में हुआ यह हादसा बेहद दुखद और चिंताजनक है। श्रद्धालु जो धार्मिक यात्रा पर आए थे, वे एक गंभीर दुर्घटना का शिकार हो गए। प्रशासन राहत कार्य में जुटा है, लेकिन यह घटना भविष्य में सुरक्षा मानकों को सख्ती से लागू करने की आवश्यकता को भी उजागर करती है।

Related Stories

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

×

सबसे पहले खबर पाएं!

हमारे दैनिक न्यूज़लेटर की सदस्यता लें और मैनपुरी की हर ताज़ा खबर से अपडेट रहें।

Scroll to Top