बिजली चोरी पकड़ने गई विद्युत विभाग की टीम पर हमला, जेई समेत तीन कर्मचारी घायल; सरकारी दस्तावेज फाड़े, मुकदमा दर्ज

⏱ 1 min read

मैनपुरी। जिले के किशनी थाना क्षेत्र में बिजली चोरी की जांच करने पहुंची विद्युत विभाग की टीम पर दबंगों द्वारा हमला किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि अवैध रूप से बिजली का उपयोग कर मोनोब्लॉक पंप से सिंचाई कर रहे लोगों ने कार्रवाई का विरोध करते हुए जूनियर इंजीनियर (जेई) और लाइनमैनों के साथ मारपीट की। इस दौरान सरकारी अभिलेख भी फाड़ दिए गए। घटना में जेई समेत तीन कर्मचारी घायल हुए हैं। पुलिस ने तहरीर के आधार पर नामजद एवं अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

टूटे बिजली पोल की सूचना पर पहुंची थी टीम

जानकारी के अनुसार घटना किशनी थाना क्षेत्र के विक्रमपुर गांव की है। विद्युत विभाग की टीम को गांव में एक बिजली पोल टूटने की सूचना मिली थी। इसी सूचना पर जेई देवेंद्र सिंह, लाइनमैन राहुल यादव और अजीत सिंह सहित विभागीय कर्मचारी मौके पर पहुंचे।

निरीक्षण के दौरान टीम ने देखा कि एक व्यक्ति बिना वैध विद्युत कनेक्शन के अवैध रूप से मोनोब्लॉक पंप चलाकर सिंचाई कर रहा था। जब विभागीय अधिकारियों ने उससे बिजली उपयोग के संबंध में पूछताछ शुरू की, तभी मामला विवाद में बदल गया।

कार्रवाई का विरोध, टीम पर किया हमला

विद्युत विभाग के अनुसार पूछताछ के दौरान मौके पर मौजूद कुछ लोग आक्रोशित हो गए और उन्होंने सरकारी टीम पर हमला बोल दिया। आरोप है कि कर्मचारियों के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट की गई। इतना ही नहीं, विभागीय कार्रवाई से जुड़े सरकारी अभिलेख भी फाड़ दिए गए, जिससे सरकारी कार्य बाधित हुआ।

हमले के दौरान जेई देवेंद्र सिंह, लाइनमैन अजीत सिंह और राहुल यादव घायल हो गए। स्थिति बिगड़ने पर विभागीय कर्मचारियों को अपनी सुरक्षा के लिए मौके से हटना पड़ा।

घटना के बाद कर्मचारियों में रोष

घटना की जानकारी मिलते ही विद्युत विभाग के अन्य अधिकारी और कर्मचारी किशनी थाने पहुंच गए। जेई विवेक कुशवाहा, ज्ञानेंद्र पुष्कर, रजनीकांत राय सहित किशनी, चौराईपुर और लेखराजपुर विद्युत उपकेंद्रों के दो दर्जन से अधिक लाइनमैनों ने थाने पहुंचकर घटना पर कड़ा विरोध जताया।

कर्मचारियों ने आरोपियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि यदि सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों पर इस प्रकार के हमले होते रहे तो बिजली चोरी के खिलाफ अभियान प्रभावित होगा।

इन लोगों पर दर्ज कराया गया मुकदमा

विद्युत विभाग की ओर से दी गई तहरीर में ब्रजेश, संजय, मनोज पुत्रगण कायम सिंह सहित दो से तीन अज्ञात व्यक्तियों को नामजद किया गया है। आरोप है कि इन लोगों ने सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाई, कर्मचारियों से मारपीट की तथा सरकारी अभिलेख नष्ट किए।

एसडीओ बोले—दोषियों पर होगी सख्त कार्रवाई

विद्युत विभाग के एसडीओ अभिषेक राय भी किशनी थाने पहुंचे। उन्होंने कहा कि बिजली चोरी रोकना विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है और इस अभियान के दौरान सरकारी कर्मचारियों पर हमला किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है।

उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकारी कार्य में बाधा डालने, सरकारी संपत्ति एवं अभिलेखों को नुकसान पहुंचाने तथा कर्मचारियों के साथ मारपीट करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा

थानाध्यक्ष गगन गौड़ ने बताया कि घायलों का चिकित्सीय परीक्षण (मेडिकल) कराया गया है। विभागीय तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम गठित कर दी गई है और जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

बिजली चोरी रोकने की कार्रवाई जारी रहेगी

विद्युत विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जिले में बिजली चोरी रोकने के लिए अभियान लगातार जारी रहेगा। अवैध कनेक्शन, डायरेक्ट लाइन और बिना अनुमति कृषि पंपों के संचालन के विरुद्ध नियमित जांच की जाएगी। विभाग ने आम उपभोक्ताओं से वैध विद्युत कनेक्शन लेने तथा बिजली चोरी से बचने की अपील भी की है।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

×

सबसे पहले खबर पाएं!

हमारे दैनिक न्यूज़लेटर की सदस्यता लें और मैनपुरी की हर ताज़ा खबर से अपडेट रहें।

Scroll to Top