मैनपुरी के नवीगंज क्षेत्र में रबी फसलों की बुआई के चलते खाद की मांग में अचानक उछाल देखा गया है। वॉइस ऑफ मैनपुरी की रिपोर्ट के अनुसार, स्थानीय कृषि बिक्री केंद्रों पर अस्थायी रूप से स्टॉक कम होने के बाद प्रशासन और कृषि विभाग तुरंत हरकत में आ गए हैं। जिले के आला अधिकारी किसानों को समय पर पर्याप्त यूरिया और डीएपी (DAP) उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत हैं।
नवीगंज में बढ़ी मांग, नई आपूर्ति की तैयारी तेज
रबी सीजन में गेहूं और सरसों की समयबद्ध बुआई के लिए किसान बड़े पैमाने पर खेतों की तैयारी में जुटे हैं। नवीगंज सहकारी समिति पर अचानक बढ़ी मांग के कारण उपलब्ध खाद की बिक्री तेजी से हुई, जिससे तात्कालिक रूप से स्टॉक शून्य नजर आ रहा है। हालांकि, स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए संबंधित अधिकारियों ने रैक प्वाइंट्स और जिला मुख्यालय से अतिरिक्त रैक नवीगंज भेजने के निर्देश जारी कर दिए हैं।
किसानों की सुविधा के लिए उठाए जा रहे प्रमुख कदम:
- कालाबाजारी पर सख्त नजर: कृषि विभाग की टीमों द्वारा निजी विक्रेताओं और समितियों का निरीक्षण किया जा रहा है ताकि कालाबाजारी या निर्धारित मूल्य से अधिक दर पर बिक्री न हो सके।
- पारदर्शी वितरण व्यवस्था: पीओएस (POS) मशीन के माध्यम से सीधे किसानों के आधार सत्यापन के साथ खाद का वितरण सुनिश्चित किया जा रहा है।
- जल्द पहुंचेगी नई खेप: जिला प्रशासन ने आश्वस्त किया है कि आगामी 24 से 48 घंटों में खाद की नई खेप नवीगंज पहुंच जाएगी।
प्रशासनिक तत्परता से दूर होगी समस्या
उत्तर प्रदेश सरकार राज्य में किसानों के हितों के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है। कृषि विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जिले में कुल खाद का पर्याप्त बफर स्टॉक उपलब्ध है। केवल परिवहन और स्थानीय वितरण की प्रक्रिया को गति दी जा रही है। अधिकारियों ने किसानों से किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न देने और धैर्य बनाए रखने की अपील की है, क्योंकि हर पात्र किसान को उनकी आवश्यकता के अनुसार खाद की सुचारू आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी।
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